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भारत का भूगोल | Indian Geography in Hindi

भारत के भूगोल में हम भारत की भोगोलिक दशा और भारत के भोतिक स्वरुप के बारे में पढ़ेंगे| इस ब्लॉग में मैंने पॉइंट वाइज सम्झाने का प्रयास किया है आशा है आपको पसंद आए| निचे दी गई सारणी के अनुसार आप इसे पढ़ सकते है|

भारत का भूगोल (Indian Geography)

  1. भारत की भौगोलिक दशा
  2. भारत के सबसे अंतिम बिंदु
  3. भारत का भौतिक स्वरूप

·  उत्तरी पर्वतीय क्षेत्र

    A.      हिमालय का प्रादेशिक विभाजन
    B.      उत्तर के पर्वतीय क्षेत्र को चार प्रमुख समांतर पर्वत श्रेणी क्षेत्रों में बांटा गया है
            ·         ट्रांस हिमालय क्षेत्र
            ·         हिमाद्री अर्थात सर्वोच्च या वृहद हिमालय
            ·         हिमाचल श्रेणी अर्थात लघु या मध्य हिमालय
            ·         शिवालिक अर्थात इन इंडिया बाह्य हिमालय

4.      4. प्रायद्वीपीय पर्वत

1.      अरावली पर्वत श्रेणी

2.      विंध्याचल पर्वत श्रेणी

3.      पश्चिमी घाट या सह्याद्रि श्रेणी

5.      5. पश्चिमी घाट के दर्रे

6.      6. पूर्वी घाट के पर्वत

7.     7.  नीलगिरी पर्वतमाला

1.      भारत के पूर्वी समुद्री तट को निम्न भागों में बांटा गया है

2.      भारत के पश्चिमी तट को निम्न भागों में बांटा गया है

8.      8. द्वीप समूह

1.      अंडमान और निकोबार द्वीप समूह

2.      लक्षद्वीप समूह

3.      श्रीहरिकोटा द्वीप

4.      अन्य द्वीप

 

1.        1. भारत की भौगोलिक दशा :-

●     भारत उत्तरी गोलार्ध्द में 8°4’ - 37°6’ उत्तरी अक्षांश और 68°7’ - 97°25’ पूर्वी देशांतर के बीच स्थित है|

●     भारत का विस्तार उत्तर से दक्षिण में 3,214 किमी है|

●     भारत का विस्तार पूर्व से पश्चिम में 2,933 किमी है|

●     भारत की स्थल सीमा की लंबाई 15,200 किमी है|

●     भारत की तटीय सीमा की लंबाई 7,516.6 किमी है|

 

2. भारत के सबसे अंतिम बिंदु :-

बिंदु

नाम

स्थान

सबसे उत्तरी बिंदु

 इंदिरा कॉल

 जम्मू कश्मीर

सबसे दक्षिणी बिंदु

 इंदिरा प्वाइंट

 निकोबार द्वीप

सबसे पश्चिमी बिंदु

 सरक्रीक

 गुजरात

सबसे पूर्वी बिंदु

 वालांगू

 अरुणाचल प्रदेश

 

 

3. भारत का भौतिक स्वरूप :-

●     भारत के 11% भाग पर उच्च पर्वत श्रेणियां, 18% भाग पर पहाड़ी, और 28% भाग पठारी, 43% भाग पर विस्तृत मैदानी क्षेत्र का विस्तार है|

●     भू-आकृति के आधार पर भारत को चार भागों में विभाजित किया गया है|

○     उत्तरी पर्वतीय प्रदेश

○     उत्तर का विशाल मैदान

○     दक्षिण का पठार

○     तटवर्ती मैदान एवं द्वीप समूह

 

 

I.  उत्तरी पर्वतीय क्षेत्र :-

 

A.      हिमालय का प्रादेशिक विभाजन :-

 

पंजाब हिमालय

 सिंधु एवं सतलज नदी के बीच

कुमायूं हिमालय

 सतलज एवं काली नदी के बीच

नेपाल हिमालय

 काली एवं तीस्ता नदी के बीच

असम हिमालय

 तीस्ता एवं दिहांग नदी के बीच

 

 

B.      उत्तर के पर्वतीय क्षेत्र को चार प्रमुख समांतर पर्वत श्रेणी क्षेत्रों में बांटा गया है  :-

●     ट्रांस हिमालय क्षेत्र

●     हिमाद्री अर्थात सर्वोच्च या वृहद हिमालय

●     हिमाचल श्रेणी अर्थात लघु या मध्य हिमालय

●     शिवालिक अर्थात इन इंडिया बाह्य हिमालय

 

  1. ट्रांस हिमालय क्षेत्र :-

●     काराकोरम लद्दाख जास्कर आदि पर्वत श्रेणियां ट्रांस हिमालय क्षेत्र के अन्तर्गत आती है|

●     के 2 या गॉडविन ऑस्टिन काराकोरम की सर्वोच्च चोटी ट्रांस हिमालय क्षेत्र के अन्तर्गत आती है|

 

2.      2. हिमाद्री अर्थात सर्वोच्च या वृहद हिमालय :-

  • हिमालय की सबसे ऊंची श्रेणी हिमाद्री अर्थात सर्वोच्च या वृहद हिमालय कहलाती है|
  • औसत ऊंचाई 6000 मीटर है|
  • विश्व की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट (नेपाल) इसी पर्वत श्रेणी में है|
  • महत्वपूर्ण शिखर - कंचनजंगा, नंगापर्वत, नंदादेवी, नामचाबरवा है|
  • इस श्रेणी में भारत के प्रमुख दर्रे निम्न है  
    • गुर्जर एवं जोजिला दर्रा - कश्मीर
    • जेलेपला और नाथूला दर्रा - सिक्किम
    • शिपकीला और बारालाचाला दर्रा - हिमाचल प्रदेश
    • नीति ला लिपुलेख ला और थागला दर्रा - उत्तराखंड

 

3.      3. हिमाचल श्रेणी अर्थात लघु या मध्य हिमालय :-


●     हिमाचल श्रेणी अर्थात लघु या मध्य हिमालय का विस्तार मुख्य हिमालय के दक्षिण में है|

●     ऊंचाई 3700 से 4500 मीटर है|

●     पीरपंजाल, धौलाधार, मसूरी आदि पर्वत श्रेणियां मध्य हिमालय के अंतर्गत आती है|

●     महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल - शिमला, नैनीताल, मसूरी, दार्जिलिंग आदि|

●     मुख्य घाटियां -  कश्मीर घाटी कुल्लू व कांगड़ा

●     लघु हिमालय के ढाल पर छोटे घास के मैदान पाए जाते हैं  जिन्हें कश्मीर में मर्ग कहते हैं जैसे गुलमर्ग, सोनमार्ग आदि|

●     लघु हिमालय के ढाल पर छोटे घास के मैदानों को उत्तराखंड में वुग्याल या पयार कहते हैं|

●     लघु या मध्य हिमालय के प्रमुख दर्रे  - पीरपंजाल एवं बनिहाल|

 

 

4.      4. शिवालिक अर्थात निम्न या बाह्य हिमालय :-

  • हिमालय की सबसे दक्षिणी श्रेणी शिवालिक अर्थात निम्न या बाह्य हिमालय कहलाती है|
  • ऊंचाई 600 से 1500 मीटर है|
  • उनके मैदान  मिट्टी और कंकड़ के बने होते है|
  • बाह्य हिमालय के घास के मैदानों को पश्चिम में दून (देहरादून) तथा पूर्व में द्वार (हरिद्वार) कहते हैं|
  • लघु हिमालय एवं वाह्य हिमालय के बीच कई घाटियां हैं जैसे काठमांडू घाटी
  • जम्मू कश्मीर में पश्चिम से पूर्व की ओर पर्वत श्रेणियों का क्रम
    • काराकोरम <<< लद्दाख <<<< जास्कर <<<< पीरपंजाल <<<< धौलाधर

 

II. प्रायद्वीपीय पर्वत :-

  1. अरावली पर्वत श्रेणी :-

●     अरावली पर्वत श्रेणी की लंबाई 1100 किमी ऊंचाई 1722 मीटर है|

●     यह मुख्यतः राजस्थान मैं व दिल्ली से अहमदाबाद तक फैली है|

●     अरावली पर्वत श्रेणी उत्तर पश्चिम में सबसे प्राचीन पर्वत श्रेणी है|

●     अरावली पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर माउंटआबू की पहाड़ी पर गुरु शिखर पर्वत है|

●     अरावली के पश्चिम की ओर से माही एवं लूनी नदी निकलती है|

 

2.      2.  विंध्याचल पर्वत श्रेणी :-

·         विंध्याचल पर्वत माला उत्तर भारत को दक्षिण भारत से अलग करती है|

·         विंध्याचल का पठार झारखंड उत्तर प्रदेश एवं छत्तीसगढ़ राज्य में है|

·         विंध्याचल पर्वत श्रेणी परतदार चट्टानों की बनी है|

 

3.      3. पश्चिमी घाट या सह्याद्रि श्रेणी :-

 

·         ताप्ती नदी के मुहाने से लेकर कन्याकुमारी तक फैला क्षेत्र पश्चिमी घाट या सह्याद्रि श्रेणी के नाम से जाना जाता है|

·         16° उत्तरी अक्षांश रेखा जो गोवा से गुजरती है सह्याद्रि को दो भागों में विभाजित करती है| उत्तरी सह्याद्रि व दक्षिणी सह्याद्रि

·         उत्तरी सह्याद्रि जिसका सर्वोच्च शिखर कालसूबाई (1664 मी) है|

·         दक्षिणी सह्याद्रि जिसका सर्वोच्च शिखर कुद्रेमुख (1438 मी) है|

 

पश्चिमी घाट के दर्रे :-

थाल घाट

 नासिक को मुंबई से जोड़ता है

भोर घाट

 मुंबई को पुणे से जोड़ता है

पालघाट

 कोच्चि को कोयंबटूर से जोड़ता है

सेनकोट दर्रा

 तिरुवंतपुरम को मदुरै से जोड़ता है

 

पूर्वी घाट के पर्वत :-

●     इसका विस्तार ओडिशा से तमिलनाडु तक है|

●     पूर्वी घाट पर्वत की लंबाई 1300 किमी है|

●     पूर्वी घाट पर्वत का सर्वोच्च शिखर विशाखापत्तनम (1680 मी) है|

●     पूर्वी घाट पर्वत का दूसरा सर्वोच्च शिखर महेंद्र गिरी (1501 मी) है|

 

नीलगिरी पर्वतमाला :-

●     पश्चिमी घाट व पूर्वी घाट की मिलनस्थली नीलगिरी पर्वतमाला के नाम से जानी जाती है|

●     नीलगिरी पर्वत माला का सर्वोच्च शिखर - डोडाबेट्टा (2636 मी)

●     दक्षिण भारत का सर्वोच्च शिखर - अनाईमुडी (2695 मी)

●     दक्षिण भारत का दूसरा सर्वोच्च शिखर - डोडाबेट्टा (2636 मी)

●     अनाईमुडी तीन पहाड़ियों इलायची, अन्नामलाई और पालनी का केंद्र बिंदु है|

 

भारत के पूर्वी समुद्री तट को निम्न भागों में बांटा गया है :-

उत्तरी सरकार तट

 उत्तरी तटीय भाग से गोदावरी डेल्टा तक

गोलकुंडा तट

 गोदावरी डेल्टा से कृष्णा डेल्टा तक

कोरोमंडल तट

 कृष्णा डेल्टा से कन्याकुमारी तक

 


भारत के पश्चिमी तट को निम्न भागों में बांटा गया है :-

कोंकण तट

 गुजरात से गोवा तक का तटीय क्षेत्र

कैनरा तक

 गोवा से कर्नाटक के बेंगलुरु तक का तटीय क्षेत्र

मालाबार तट

 बेंगलुरु से कन्याकुमारी तक का तटीय क्षेत्र

 

 

द्वीप समूह :-

●     भारत में दो द्वीप समूह है अंडमान निकोबार द्वीप समूह व लक्ष्यद्वीप दीप समूह

 

1. अंडमान और निकोबार द्वीप समूह :-

●     अंडमान और निकोबार द्वीप समूह बंगाल की खाड़ी में स्थित है|

●     अंडमान और निकोबार द्वीप समूह की सर्वोच्च चोटी सैंडल पीक (738 मी) है|

●     अंडमान और निकोबार द्वीप समूह की राजधानी पोर्टब्लेयर है|

●     यह सबसे बड़ा केंद्र शासित प्रदेश है|

●     अंडमान में करीब 247 छोटे-छोटे द्वीप है और निकोबार में 19 द्वीप है|

●     भारत का एकमात्र सक्रिय ज्वालामुखी बैरन अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में स्थित है|

●     भारत का सुषुप्त ज्वालामुखी नारकोंडा अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में स्थित है|

 

2.    लक्षद्वीप समूह :-

●     यह द्वीप समूह अरब सागर में स्थित है|

●     लक्षद्वीप समूह में कुल 36 द्वीप है यह सभी प्रवाल भित्ति (Coral reefs) से बने हैं|

●     लक्षद्वीप समूह 11° चैनल द्वारा दो भागों में विभाजित है|

●     उत्तर में अमीनी द्वीप और दक्षिण में कन्नानोर द्वीप स्थित है|

●     लक्षद्वीप समूह की राजधानी कवारत्ती है|

●     लक्षद्वीप समूह सबसे छोटा केंद्र शासित प्रदेश है|

 

3.     3.  श्रीहरिकोटा द्वीप :-

●     श्रीहरिकोटा द्वीप प्रवाल निर्मित एक द्वीप है|

●     पुलिकट झील इस द्वीप द्वारा समुद्र से अलग है|

 

4.      4. अन्य द्वीप :-

●     व्हीलर द्वीप – यह ओडिशा के तट पर ब्रह्माणी नदी के मुहाने पर स्थित है|

●     न्यू मूर द्वीप – यह बंगाल की खाड़ी में बांग्लादेश तथा भारत की सीमा पर अवस्थित है|

●     पंबन द्वीप – यह मन्नार की खाड़ी में भारत और श्रीलंका के मध्य स्थित है|

 

 


 

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